भुनटा (भुट्टा) खाने के फायदे और नुकसान – Bhutta Khane Ke Fayde Aur Nuksan in Hindi

Bhutta Khane Ke Fayde Aur Nuksan in Hindi

क्‍या आप भुनटा खाने के फायदे (corn benefits) जानते हैं। बरसात का मौसम आते ही हमें भुट्टे की भीनी महक आकर्षित करने लगती है। हम यहां मकई या कॉर्न की बात कर रहे हैं जिसे अधिकांश लोग भुनटा (bhutta) के नाम से भी जानते हैं। भुनटे के दाने भारतीय राज्यों में प्रमुख खाद्यान के रूप में उपयोग किया जाता है। लेकिन ताजे और भुने हुए भुट्टे (roasted corn) को लोग बेहतरीन स्‍वाद के लिए अधिक पसंद करते हैं। भुनटा एक ऐसा खाद्य पदार्थ है जिसमें बहुत से पोषक तत्‍व और खनिज पदार्थ उच्‍च मात्रा में होते हैं। भुने भुट्टा खाने के फायदे कैंसर (Cancer), हृदय रोग, अल्‍जाइमर, आंखों की समस्‍या आदि को रोकने में जाने जाते हैं। आज इस आर्टिकल में आप भुट्टे खाने के फायदे और नुकसान संबंधी जानकारी प्राप्‍त करेगें।

1. भुनटा (मक्का) क्‍या है – Bhutta kya hai in Hindi
2. भुट्टा का पौधा – Bhutta tree
3. भुट्टा के अन्‍य नाम – Bhutta ke anya naam in Hindi
4. मक्का की किस्में – Variety Of Corn
5. भुट्टा की तासीर – Bhutta ki taseer
6. भुट्टा में पाए जाने वाले पोषक तत्‍व – Bhutta ke Poshak Tatva in Hindi
7. भुट्टा खाने के फायदे – Bhutta Khane ke Fayde in Hindi
8. भुट्टा खाने का तरीका – Bhutta Khane ka tarika in Hindi
9. भुने भुट्टा खाने का तरीका – Rosted Corn Khane ka tarika in Hindi
10. भुट्टा भूनने की विधि – Bhutta Bhunne ki Vidhi in Hindi
11. भुट्टा खाने के नुकसान – Corn khane ke Nuksan in Hindi

भुनटा (मक्का) क्‍या है – Bhutta kya hai in Hindi

मकई, भुट्टा या भुनटा ये सभी भुट्टे के अन्‍य नाम है। मकई या भुट्टा एक आनाज का पौधा है जिसकी उत्‍तपत्ति दक्षिणी मैक्सिको में हुई थी। भुट्टे के दानों (Corn seed) में बहुत से पोषक तत्‍व और खनिज पदार्थ होते हैं। जिसके कारण इसे ऊर्जा प्राप्‍त करने के लिए प्रमुख आहार के रूप में उपयोग किया जाता है। हालांकि अपने पोषक तत्‍व और प्रकृति और किस्‍मों (Variety Of Corn) के आधार पर भुट्टा कई रंगों और आकार का होता है। आइए जाने भुट्टा के बारे में अन्‍य जानकारीयां।

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भुट्टा का पौधा – Bhutta tree

भुट्टे का वानस्‍पतिक नाम जिया मायस (Zea mays) है। भुट्टे का पौधा हरा और लगभग 5 से 7 फीट तक ऊंचा हो सकता है। इस पौधे की पत्तियां एक दूसरे के वैकल्पिक दो के जोड़े में होती हैं। भुट्टे के पौधे का तना (Stem) अंदर से स्‍पंजी जैसा होता है। मक्‍के का पौधा पहाड़ी क्षेत्रों में अधिक विकास करता है। क्‍योंकि मक्‍का का पौधे कम वर्षा भूमि में भी अच्‍छी तरह से विकास कर सकता है।

भुट्टा के अन्‍य नाम – Bhutta ke anya naam in Hindi

भुट्टा को भुनटा के नाम से भी जाना जाता है। हालांकि अलग अलग जगहों पर भुट्टा को कई नामों से जाना जाता है। भारत में भुट्टे को बोलचाल की भाषा में भुनटा (Bhutta), मकई या चल्‍ली आदि भी कहा जाता है। इसके अलावा भुट्टा को मोक्‍का, जोनालु, मक्‍काचोलम, चोलम, मुसुकिना जोला, मक्‍कई, मकई और भुट्टे आदि के नाम से जाना जाता है।

मक्का की किस्में – Variety Of Corn

भारत में भुट्टा की कई प्रजातियां (Variety) उपयोग की जाती हैं। भुट्टों की यह प्रजातियां उनके पोषक तत्‍व, रंग, आकार और उपलब्‍धता के आधार पर होती हैं। आइए जाने भारत में कॉर्न के प्रकार क्‍या हैं।

  • पॉप कॉर्न (Pop corn)
  • स्‍वीट कॉर्न (sweet corn)
  • फ्लिंट कॉर्न (Flint corn)
  • वैक्सि कॉर्न (Waxed corn)
  • पॉड कॉर्न (Pod corn)
  • सॉफट कॉर्न (Soft corn)
  • डेंट कॉर्न (Daint corn)

भुट्टा की तासीर – Bhutta ki taseer

Bhutta ki taseer

मक्‍का या भुट्टा की तासीर गरम होती है जिसके कारण ही भुट्टा या मकई को पौष्टिक आहार के रूप में उपयोग किया जाता है। बरसात के मौसम में शरीर को गर्म रखने या पर्याप्‍त गर्मी (Body heat) प्राप्त करने के लिए भुट्टा एक अच्‍छा विकल्‍प है। वर्षा ऋतु के दौरान सर्दी जुकाम आदि के शुरुआती लक्षणों को कम करने में भुट्टा के पोषक तत्‍व बहुत ही प्रभावी होते हैं।

भुट्टा में पाए जाने वाले पोषक तत्‍व – Bhutta ke Poshak Tatva in Hindi

भुट्टा या मकई में पाए जाने वाले पोषक तत्‍व उच्‍च मात्रा में होते हैं। शोध और अन्‍य रिपोर्टों के अनुसार यह न केवल स्‍वस्‍थ दैनिक चयापचय के लिए आवश्‍यक कैलोरी देता है बल्कि विटामिन ए, बी और ई भी उपलब्‍ध कराता है। इस खाद्य पदार्थ में फाइबर (dietary Fibre) की अच्‍छी मात्रा होती है जो पाचन संबंधी समस्‍याओं को प्रभावी रूप से दूर कर सकती है।

भुट्टे के बीज की 100 Gm. मात्रा के अनुसार पोषक तत्‍व इस प्रकार हैं।

  • कैलोरी – 96
  • पानी – 73 प्रतिशत
  • प्रोटीन – 3.4 ग्राम
  • कार्ब्‍स – 21 ग्राम
  • चीनी – 4.5 ग्राम
  • फाइबर – 2.4 ग्राम
  • वसा – 1.5 ग्राम

भुट्टा खाने के फायदे – Bhutta Khane ke Fayde in Hindi

भुट्टा में उच्‍च पोषक तत्‍व और खनिज पदार्थ (Nutrients and minerals) होते हैं। इसके कारण भुट्टा खाने के फायदे कई स्‍वास्‍थ्‍य समस्‍याओं के लिए होते हैं। भुट्टा न केवल बहुत ही स्‍वादिष्‍ट खाद्य पदार्थ है बल्कि इसमें फाइटोकेमिकल्‍स (phytochemicals) भी उच्‍च मात्रा में होते हैं। इसलिए नियमित रूप से भुट्टे का सेवन कई पुरानी से पुरानी बीमारियों का इलाज करने में सहायक होता है।

आइए जाने भुट्टा खाने के फायदे और नुकसान (corn benefits and side effects) क्‍या हैं।

भुट्टा खाने के लाभ मधुमेह को रोके – Bhutta Khane ke Labh Diabetes roke in Hindi

Bhutta Khane ke Labh Diabetes roke in Hindi

डायबिटीज रोगी के लिए निश्चित मात्रा में भुने भुट्टा का सेवन करना लाभकारी होता है। भुट्टा में ऐसे गुण होते हैं जो शरीर में इंसुलिन की कमी होने पर भी इसुंलिन (Insulin) के समान कार्य करते हैं। इसके अलावा भुट्टा में मौजूद फाइटोकेमिकल्‍स (Phytochemicals) शरीर में इंसुलिन के स्‍तर को भी नियंत्रित करते हैं जिससे डायबिटीज के लक्षणों को कम किया जा सकता है। यदि आप भी मधुमेह रोगी (Diabetic patients) हैं तो कम मात्रा में नियमित रूप से भुट्टा का सेवन कर लाभ प्राप्‍त कर सकते हैं।

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भुट्टा खाने के फायदे कैंसर को रोकने में– Bhutta khane ke fayde for Prevents Cancer in Hindi

अध्‍ययनों से पता चलता है कि भुट्टे में कई प्रकार के एंटीऑक्‍सीडेंट (Antioxidant) होते हैं। जो अपनी प्रकृति के अनुसार शरीर को नुकसान पहुंचाने वाले फ्री रेडिकल्‍स को रोकने में प्रभावी योगदान देते हैं। इसके अलावा भुट्टा में फेनोलिक (Phenolic) यौगिक होता है जिसे फेरिलिक एसिड (Ferrilic acid) के नाम से जाना जाता है। इसके अलावा भुट्टा में कैंसर रोधी (anti-carcinogenic) गुण भी होते हैं जो कैंसर कोशिकाओं (Cancer cells) के विकास को रोकने में सहायक होते हैं। इस तरह से आप भी कैंसर संबंधी समस्‍याओं को कम करने के लिए भुट्टा (corn) को अपने आहार में शामिल कर सकते हैं।

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भुने भुट्टा के फायदे कोलेस्ट्रॉल को कम करें – Roasted Bhutta For Cholesterol in Hindi

शरीर में उच्‍च कोलेस्‍ट्रॉल (high cholesterol) होना हृदय और अन्‍य स्‍वास्‍थ्‍य समस्‍याओं का कारण हो सकता है। हालांकि हमारे शरीर में खराब और अच्‍छे दोनों प्रकार के कोलेस्‍ट्रॉल (Cholesterol) होते हैं। लेकिन शरीर में खराब कोलेस्‍ट्रॉल के स्‍तर को कम करने के लिए भुट्टे का सेवन करना फायदेमंद होता है। भुट्टा में विटामिन सी, कैरोटीनाइड (Carotenoid) और बायो फ्लावोनोइड्स (Bio flovenosides) की अच्‍छी मात्रा होती है। ये सभी घटक कोलेस्‍ट्रॉल के स्‍तर को कम करने में सहायक होते हैं।

आप भी अतिरिक्‍त कोलेस्‍ट्रॉल के स्‍तर को घटाने के लिए भुट्टा का नियमित सेवन कर सकते हैं।

(इसे भी पढ़ें – कोलेस्‍ट्रॉल कम करने के घरेलू उपाय )

भुना हुआ भुट्टा के फायदे दिल के लिए – Bhuna Hua Bhutta for Heart Health in Hindi

Bhuna Hua Bhutta for Heart Health in Hindi

हृदय स्‍वास्‍थ्‍य (Heart health) या दिल को स्‍वस्‍थ बनाए रखने में भुट्टा खाना फायदेमंद होता है। आप अपने आहार में भुने हुए भुट्टा को शामिल कर न केवल बेहतरीन स्‍वाद प्राप्‍त कर सकते हैं बल्कि अपने दिल को भी स्‍वस्‍थ रख सकते हैं। भुना हुआ भुट्टा ओमेगा-3 फैटी एसिड का अच्‍छा स्रोत माना जाता है।

ओमेगा-3 फैटी एसिड दिल के लिए बहुत ही अच्‍छा होता है।

इस तरह से आप अपने दिल को स्‍वस्‍थ रखने के लिए (Bhutta) भुट्टा का उपयोग कर सकते हैं।

भुट्टा के गुण वजन बढ़ाने में सहायक – corn benefits for weight Gain in Hindi

शारीरिक रूप से स्‍वस्‍थ किंतु कम वजन वाले लोगों को नियमित रूप से भुट्टा खाना चाहिए। क्‍योंकि भुट्टा में कैलोरी उच्‍च होती है जो वजन बढ़ाने में सहायक होती है। यदि आप भी अपने वजन को बढ़ाने का प्रयास कर रहे हैं तो भुट्टा या मकई के दानों को अपने आहार में शामिल करें। भुने हुए भुट्टे को खाना न केवल आपको बेहतरीन स्‍वाद देता है बल्कि यह आपके शरीर को अतिरिक्‍त ऊर्जा (Extra energy) दिलाने में भी सहायक है।

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भुट्टा खाने के लाभ एनीमिया का उपचार – Bhutta ka Upyog Anemia ke Upchar me in Hindi

मानव शरीर में खून की कमी की स्थिति को एनीमिया (Anemia) के नाम से भी जाना जाता है। यह तब होता है जब शरीर में आयरन की कमी हो जाती है। लेकिन आप अपने शरीर में रक्‍त हीनता या खून की कमी (Anemic) को दूर करने के लिए भुट्टा का इस्‍तेमाल कर सकते हैं। भुट्टा में आयरन की उच्‍च मात्रा होने के साथ ही विटामिन भी अच्‍छी मात्रा में होते हैं। जिसके कारण नियमित रूप से भुट्टा का सेवन करना शरीर में लाल रक्‍त कोशिकाओं (Red blood cells) के उत्‍पादन को बढ़ाने में मदद करता है।

यदि आप भी एनीमिया रोगी हैं तो भुट्टा के औषधीय गुण के लाभ प्राप्‍त कर सकते हैं।

भुट्टा के लाभ अल्जाइमर रोग के लिए – Corn for Prevents Alzheimer’s disease in Hindi

मस्तिष्‍क स्‍वास्‍थ्‍य (Brain Health) संबंधी समस्‍याओं को दूर करने में भुट्टा फायदेमंद होता है। अल्‍जाइमर भी मस्तिष्‍क संबंधी एक गंभीर स्‍वास्‍थ्‍य समस्‍या है। आप अपने मस्तिष्‍क संतुलन को बनाए रखने के लिए भुट्टे का नियमित सेवन कर सकते हैं। भुट्टा में थायमिन (Thiamine) मौजूद होता है जो मस्तिष्‍क समस्‍याओं को कम करने में सहायक होता है। आप अपने दिमाग की शक्ति को बढ़ाने और याद रखने की क्षमता (Memory capacity) को बढ़ाने के लिए भुट्टे का इस्‍तेमाल कर सकते हैं।

कॉर्न खाने के फायदे आंखों के लिए – Corn for Improves Vision in Hindi

Corn for Improves Vision in Hindi

आंखों को स्‍वस्‍थ (Eyes healthy) रखने के लिए भुट्टा एक अच्‍छा विकल्‍प है। भुट्टा में कैरोटीनोइड (Carotenoids) की अच्‍छी मात्रा होती है। इस कारण नियमित रूप से भुट्टे का सेवन करना मैकुलर अपघटन (macular degeneration) जैसी समस्‍याओं को रोकने में प्रभावी होता है। इस तरह से आप अपने देखने क्षमता और आंखों के स्‍वास्‍थ्‍य को बेहतर बना सकते हैं। भुट्टा खाने का फायदा आंखों संबंधी अन्‍य समस्‍याओं (Eye problems) को दूर करने में लिए भी होता है।

भुट्टा के औषधीय गुण गर्भवती महिलाओं के लिए – corn benefits for pregnancy in Hindi

corn benefits for pregnancy in Hindi

गर्भावस्‍था (Pregnancy) के दौरान महिलाओं को पर्याप्‍त पोषण दिलाने के लिए भुट्टा खाने के फायदे होते हैं। भुट्टा में ऐसे बहुत से पोष्‍क तत्‍व और खनिज पदार्थ उच्‍च मात्रा में होते हैं जो गर्भावस्‍था के दौरान अति महत्‍वपूर्ण होते हैं। गर्भावस्‍था के दौरान महिलाओं को फोलिक एसिड की आवश्‍यकता होती है जो भुट्टा में पर्याप्‍त रूप से होता है। इसके अलावा भुट्टा के लाभ भ्रूण के उचित विकास और जन्‍म के समय तंत्रिका ट्यूब की क्षति (neural tube defects) को भी कम करता है। यही कारण है कि अधिकांश डॉक्‍टर भी गर्भवती महिलाओं (Pregnant women) को अपने आहार में मक्‍का को शामिल करने की सलाह देते है।

भुट्टा खाने के फायदे ऊर्जा बढ़ाए – Bhutta khane ke Fayde for Energy in Hindi

आप अपने शरीर में अतिरिक्‍त ऊर्जा (Body Energy) का उत्पादन करने के लिए भुट्टा का इस्‍तेमाल कर सकते हैं। भुट्टा स्‍टार्च का सबसे अच्‍छा स्रोत माना जाता है जो ऊर्जा के लिए बहुत ही आवश्‍यक है। चूंकि भुट्टा में फाइबर, कार्बोहाइड्रेट (Carbohydrate), स्‍वस्‍थ वसा, विटामिन, प्रोटीन और अन्‍य खनिज पदार्थ उच्च मात्रा में होते हैं। इस कारण ही यह शरीर को त्‍वरित और लंबे समय तक ऊर्जावान बनाए रखने का सबसे अच्‍छा तरीका है।

आप भी अपने शरीर की ताकत बढ़ाने के लिए भुने हुए भुट्टे का सेवन कर सकते हैं।

भुट्टा का लाभ पाचन के लिए – Maize Good for Digestion in Hindi

पाचन संबंधी समस्‍याओं (Digestive problems) को दूर करने के लिए भुट्टा खाने के फायदे होते हैं। हालांकि फाइबर की उच्‍च मात्रा होने के कारण अधिक मात्रा में भुट्टे का सेवन पाचन समसयाओं को बढ़ा भी सकते हैं। लेकिन कम मात्रा में नियमित रूप से भुट्टा का सेवन दस्‍त, कब्‍ज (Constipation) और अन्‍य पाचन संबंधी समस्‍याओं को दूर कर सकता है।

फाइबर की अच्‍छी मात्रा पाचन शक्ति को बढ़ाने में सहायक होती है।

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भुट्टा के औषधीय गुण ग्‍लूटेन फ्री – Bhutta Naturally Gluten-Free in Hindi

भुट्टा के दाने या मक्‍का सामान्‍य रूप से प्रमुख खाद्य आहार (Food diet) के रूप में उपयोग किया जाता है। हालांकि शोधकर्ता मक्‍का को अनाज नहीं मानते हैं क्‍योंकि इसमें किसी प्रकार का ग्‍लूटेन नहीं होता है। उच्‍च ग्‍लूटेन (high Gluten) युक्‍त खाद्य पदार्थों का सेवन करने से कुछ पाचन संबंधी समस्‍याएं हो सकती हैं। इन समस्‍याओं में डायरिया, ऐंठन और स्किन संबंधी परेशानियां हो सकती हैं। लेकिन आप इन सभी समस्‍याओं की परवाह किये बिना अपने अहार के रूप में भुट्टा या मक्‍का (Bhutta) को शामिल कर सकते हैं।

भुट्टा खाने का तरीका – Bhutta Khane ka tarika in Hindi

सामान्‍य रूप से भुट्टा या मकई के दाने को खाद्य रूप में उपयोग किया जाता है। लेकिन ताजे भुट्टा खाने का मजा कुछ और ही होता है। आप भुट्टे के सूखे बीजों को पीस कर इसके आटे की रोटियां खा सकते हैं।

इसके अलावा आप भुट्टे का दलिया या खिचड़ी बनाकर भी इसका सेवन कर सकते हैं।

भुने भुट्टा खाने का तरीका – Rosted Corn Khane ka tarika in Hindi

आपको बरसात के सीजन में ताजे और हरे भुट्टे बाजार में आसानी से प्राप्‍त हो सकते हैं। आप इन ताजे भुट्टा के बीजों को भूनकर, तेल या घी में सेंक कर या भुट्टा के ताजे बीजों को पीसकर बड़े के रूप में भी सेवन कर सकते हैं।

भुट्टा बहुत ही स्‍वादिष्‍ट और पौष्टिक आहारों में से एक है।

भुट्टा भूनने की विधि – Bhutta Bhunne ki Vidhi in Hindi

भुट्टे को भून कर खाना एक अच्‍छा तरीका है। यह न केवल स्‍वादिष्‍ट होता है बल्कि ओमेगा-3 एसिड को प्राप्‍त करने का अच्‍छा तरीका है। भुट्टा को भूनने का तरीका बहुत ही आसान है।

भुट्टा भूनने का तरीका –

आप भुट्टा के हरे पत्‍तों को निकालें और इस पर पहले घी या तेल को कम मात्रा में लगाएं। इसके बाद आप इन भुट्टा को धीमी आंच में में लकड़ी या गैस की आग में भूनें। जब भुट्टे के दानों का रंग सुनेहरा होने लगे और यह अच्‍छी तरह से भुन जाए तब आप इसे आंच से अलग कर लें। इसके बाद आप गुनगुने भुने हुए भुट्टे के ऊपर नींबू का रस, नमक और मिर्च पाउडर के मिश्रण को लगाएं।

अब आप भुने हुए भुट्टे खाने का आनंद ले सकते हैं।

भुट्टा खाने के नुकसान – Corn khane ke Nuksan in Hindi

मक्‍का या भुट्टे का सेवन करने के हेल्‍थ बेनिफिट्स होते हैं। लेकिन आपको इस बात का ध्‍यान रखना चाहिए कि अधिक मात्रा में भुट्टा का सेवन करना से स्‍वास्‍थ्‍य के लिए साइड इफैक्‍ट्स भी हो सकता है। हालांकि कम या नियंत्रित मात्रा में भुट्टा खाने के फायदे की अपेक्षा भुट्टा खाने के नुकसान बहुत ही कम या बिल्‍कुल भी नहीं होते हैं।

लेकिन अधिक मात्रा में इसका सेवन करने से कुछ सामान्‍य परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है।

  • उच्‍च फाइबर (high fiber) होने के कारण अधिक मात्रा में भुट्टा का सेवन पाचन समस्‍याओं जैसे दस्‍त, अपच, पेट की गैस आदि का कारण बन सकता है।
  • मधुमेह रोगी (Diabetic patients) को भुट्टा की बहुत ही कम मात्रा का सेवन करना चाहिए। क्‍योंकि अधिक मात्रा में मक्‍का खाना मधुमेह के लक्षणों बढ़ा सकता है।
  • मुख्‍य आहार के रूप में मक्‍का का सेवन करने पर यह हड्डीयों की समस्‍याओं विशेष रूप से Osteoporosis (ऑस्टियोपोरोसिस) का कारण बन सकता है।
  • जो लोग अपना वजन कम करने का प्रयास कर रहे हैं उन्‍हें बहुत ही कम मात्रा में भुट्टे का सेवन करना चाहिए। क्‍योंकि यह वजन बढ़ाने वाले उत्‍पादों में से एक है।
  • यदि आप किसी विशेष स्‍वास्‍थ्‍य समस्‍या के लिए दवाओं का सेवन कर रहे हैं। तो नियमित रूप से भुट्टा का सेवन करने से पहले अपने डॉक्‍टर से अनुमति लें। लेकिन समान्‍य रूप से कभी-कभी भुट्टा खाने का कोई नुकसान नहीं होता है।

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